समझौते का उल्लंघन, 11 मज़दूरों की बर्खास्तगी: इंटरार्क मज़दूरों द्वारा जुझारू आंदोलन का ऐलान

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इंटरार्क प्रबंधन की लगातार जारी दमनकारी नीति से मज़दूरों में रोष व्याप्त है। इंटरार्क मज़दूरों की आम सभा में जुझारू आंदोलन की व्यापक योजना बनी व कई प्रस्ताव पारित हुए।

रुद्रपुर (उत्तराखंड)। इंटरार्क कंपनी प्रबंधन द्वारा 15 दिसंबर 2022 के त्रिपक्षीय समझौते का उल्लंघन लगातार जारी है। इस बीच समझौते के अनुरूप 3 माह ओडी से लौटने पर वापस काम पर न लेना, वेतन वृद्धि का लाभ न देना आदि जारी है। अब प्रबंधन ने 11 मज़दूरों को बर्खास्त कर दिया।

रविवार, 27 अगस्त को बर्खास्तगी के खिलाफ इंटरार्क दोनों प्लांट के मजदूरों की महत्वपूर्ण आम सभा हुई और जुझारू आंदोलन की व्यापक योजना बनाते हुए कई प्रस्ताव पारित हुए।

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प्रबंधन ने छल कपट से समझौते का किया खुला उल्लंघन

आम सभा को सम्बोधित करते हुए पंतनगर प्लांट के यूनियन अध्यक्ष दलजीत सिंह ने कहा कि विगत वर्ष इंटरार्क कंपनी सिडकुल पंतनगर एवं किच्छा जिला उधमसिंह नगर में कार्यरत मजदूरों का दोनों यूनियनों के नेतृत्व में जुझारू संघर्ष हुआ था, जिसमें मजदूरों के परिवार की महिलाओं एवं बच्चों की भी ब्यापक एवं सशक्त भागीदारी रही थी।

दलजीत सिंह ने कहा कि उक्त समझौते के समाधान को लेकर जिलाधिकारी उधमसिंह नगर द्वारा एडीएम जयभारत सिंह की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय कमेटी में एएलसी व एसपी क्राइम भी शामिल थे। उक्त कमेटी की मध्यस्थता में 15 दिसंबर 2022 को कलेक्ट्रेट रुद्रपुर में इंटरार्क प्रबंधन एवं यूनियन प्रतिनिधियों के मध्य समझौता हुआ था। समझौता वार्ता में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के उत्तराखंड एवं उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्र के तत्कालीन प्रभारी बलजिंदर सिंह मान, प्रदेश अध्यक्ष कर्मसिंह पड्डा, जिलाध्यक्ष आदि भी उपस्थित थे।

उक्त समझौते के अनुसार 34 निलंबित मज़दूरों की कार्यबहाली कर उनको 3 माह की अवधि के लिए उत्तराखंड राज्य से बाहर विभिन्न साइटों पर ओड़ी पर भेजने, सभी 34 मजदूरों की घरेलू जांच के साथ समझौते में स्पष्ट रूप से दर्ज है कि उक्त में से किसी भी मजदूर को घरेलू जांच कार्यवाही के दौरान एवं पश्चात नौकरी से बर्खास्त नहीं किया जायेगा। समझौते के साथ कंपनी प्रबंधन द्वारा 100 रुपये के स्टाम्प पेपर में नोटरी शपथपत्र प्रस्तुत कर समझौते के प्रति अपनी वचनबद्धता भी दी थी।

सभी 34 श्रमिक 3 माह की ओडी पूरी कर 1 अप्रैल 2023 को वापस लौटने पर उन्हें पंतनगर एवं किच्छा प्लांट में कार्य पर बहाल न किया गया बल्कि उत्तराखंड राज्य से बाहर गैरकानूनी रूप से ट्रांसफर कर दिया गया। उत्तराखंड हाईकोर्ट की रोक के पश्चात भी उन्हें पूर्ववर्ती कार्य पर लेने की जगह साजिशन वर्क फ्रॉम होम के रूप में सवैतनिक कार्यबहाली हुई थी।

इस साजिश और छल कपट की कुनीति को परवान चढ़ाते हुए समझौते के तहत बहाल किये गए उक्त 34 मजदूरों में से 11 मजदूरों को 17 अगस्त एवं 22 अगस्त 2023 को नौकरी से बर्खास्त कर अपरजिलाधिकारी महोदय की अध्यक्षता में हुए समझौते को तार तार कर दिया है।

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प्रबंधन ने जिला स्तरीय कमेटी पर पोत दी कालिख

किच्छा प्लांट के यूनियन महामंत्री पान मुहम्मद ने कहा कि अपरजिलाधिकारी महोदय की अध्यक्षता में एवं एएलसी महोदय व एसपी क्राइम महोदय की मध्यस्थता में हुए उक्त लिखित समझौते को तार-तार करके इंटरार्क कंपनी मालिक व प्रबंधन द्वारा मजदूरों को शर्मनाक तरीके से बर्खास्त किया गया है और जिलाधिकारी द्वारा गठित जिला स्तरीय कमेटी पर कालिख पोत दी गई है। उसने एक बार फिर से दिखा दिया है कि उसे जिलाप्रशासन एवं उत्तराखंड हाईकोर्ट की तनिक भी चिंता नहीं है।

कहा कि आशा है कि उक्त वार्ता में बैठे भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के पदाधिकारियों द्वारा भी इंटरार्क कंपनी मालिक की उक्त मनमानी व अनैतिक आचरण का विरोध किया जायेगा और जिला प्रशासन से इस हेतु अपील की जाएगी।

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समस्त श्रमिकों की कार्यबहाली हो अन्यथा आंदोलन होगा तेज

इंटरार्क मजदूर यूनियन पंतनगर के महामंत्री सौरभ कुमार ने कहा कि 29 अगस्त 2023 को सहायक श्रमायुक्त द्वारा मजदूरों की बर्खास्तगी के मुद्दे पर त्रिपक्षीय वार्ता बुलाई गई है और एडीएम महोदय जयभारत सिंह द्वारा भी समाधान हेतु अतिशीघ्र वार्ता बुलाने का आश्वासन दिया गया है।

उन्होंने उम्मीद जताते हुए कहा कि एडीएम व एएलसी द्वारा अपनी मध्यस्थता में सम्पन्न उक्त त्रिपक्षीय समझौता का पालन कराया जाएगा और 11 बर्खास्त मज़दूरों सहित सभी 34 मजदूरों की तत्काल कार्यबहाली कराई जाएगी। अन्यथा मजदूर आंदोलन तेज करने को विवश होंगे जिसके लिए इंटरार्क कंपनी मालिक ही जिम्मेदार होंगे ।

इंटरार्क यूनियन किच्छा के अध्यक्ष हृदयेश कुमार ने कहा कि इंटरार्क कंपनी मालिक कान खोलकर सुन ले कि यदि उक्त 11 बर्खास्त मजदूरों सहित सभी 34 मजदूरों की कार्यबहाली न की गई तो वर्ष 2022 से भी ज्यादा उग्र आंदोलन किया जायेगा ।

आम सभा द्वारा सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव

आम सभा द्वारा सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित हुआ कि 3 सितंबर 2023 को अम्बेडकर पार्क से जिलाधिकारी कार्यालय तक पदयात्रा निकाली जाएगी और ज्ञापन दिया जायेगा। अगले कार्यक्रम के रूप में रुद्रपुर शहर में मानव शृंखला बनाकर आम जनता को इस प्रकरण से अवगत कराया जायेगा। पर्चा व पोस्टर जारी कर इंटरार्क कंपनी मालिक के उक्त अनैतिक कृत्य का पर्दाफाश किया जायेगा। इसके अलावा कुमाऊँ कमिश्नर महोदय के कार्यालय के समक्ष अतिशीघ्र महिलाओं, बच्चों व सामाजिक संगठनों संग मिलकर विशाल प्रदर्शन किया जायेगा।

आम सभा में सैकड़ों की संख्या में मजदूर शामिल थे।