भगतसिंह, सुखदेव, राजगुरु व क्रांतिकारी कवि ‘पाश’ की शहादत की याद में फिल्म स्क्रीनिंग और सभा

मेहनतकश जनता की ज़िन्दगी से जुड़ी ‘तुरुप’ मूवी की फ़िल्म स्क्रीनिंग हुई और क्रांतिकारी विरासत को आगे बढ़ाने व जाति-धर्म के झगड़े के खिलाफ़ आवाज़ उठाने का संकल्प बंधा।

जयपुर। क्रांतिकारी साथियों के शहादत (23 मार्च,1931) की याद में क्रन्तिकारी नौजवान सभा (KNS) द्वारा वाल्मीकि बस्ती, झालाना डूंगरी, जयपुर में मेहनतकश जनता की ज़िन्दगी से जुड़ी ‘तुरुप’ मूवी की फ़िल्म स्क्रीनिंग और सभा की गई और साथ ही साथियों द्वारा भगत सिंह का स्टैंसिल जगह-जगह बनाया गया जो आगे भी अभियान के तौर पर जारी रहेगा।

सभा में साथियों द्वारा ‘ए भगत सिंह तू ज़िन्दा है’ गीत प्रस्तुत किया गया और भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु के जीवन, संघर्ष और विचार तथा क्रांतिकारी कवि ‘पाश’ पर प्रकाश डालते हुए बात रखी गई।

इस दौरान वक्ताओं ने आज समाज में व्याप्त महंगाई-बेरोजगारी-भुखमरी पर चर्चा करते हुए सफ़ाई कर्मचारियों की जीवन स्थिति, ठेका प्रथा, काम के घंटे, सफ़ाई कर्मचारी भर्ती और बस्ती में शिक्षा-स्वास्थ्य बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं की खस्ता हालत पर चर्चा की।

साथ ही आज धर्म-जाति के नाम पर नफ़रत की राजनीति के खिलाफ़ एकजुट होने, इन्सान पर इन्सान के शोषण को खत्म करने और एक समतामूलक समाज बनाने का जो सपना भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु और क्रांतिकारी कवि ‘पाश’ और तमाम क्रन्तिकारी साथियों ने देखा था, उसे साकार करने संकल्प लिया।

About Post Author