दमन के बीच अग्निपथ योजना के खिलाफ देशभर में विरोध-प्रदर्शन; राष्ट्रपति को ज्ञापन

विभिन्न स्थानों पर प्रदर्शन की झलक…। उत्तर प्रदेश में प्रदर्शनकारियों को पुलिस दमन का सामना करना पड़ा। दिल्ली में जंतर-मंतर पर पुलिस से झड़प हुई तो कई छात्र कार्यकर्ता दिल्ली में गिरफ्तार हुए।

पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत संयुक्त किसान मोर्चा ने शुक्रवार 24 जून को अग्निपथ योजना के खिलाफ राष्ट्रव्यापी विरोध का आह्वान किया, किसानों ने इसे “राष्ट्रविरोधी, सेना विरोधी, किसान-विरोधी” करार दिया है। अग्निपथ योजना के तहत वायुसेना में अग्निवीरों की भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया की शुरुआत आज से कर दी गई है। 

एसकेएम के आह्वान पर दमन के बीच देश के विभिन्न हिस्सों में धरना-प्रदर्शन के साथ राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजे गए। यह मोदी सरकार के जनविरोधी शासन के विरुद्ध किसान और जवान एकता के नए अध्याय की शुरुआत है।

इसके तहत पंजाब की 22 किसान यूनियनों ने आज संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले पूरे पंजाब में विरोध में उतरने का एलान किया है। ठीक इसी तरह हरियाणा, राजस्थान, पश्चिम उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हिमाचल, उत्तराखंड, बिहार व अन्य राज्यों में जगह-जगह प्रतिवाद कार्यक्रम हुए हैं।

कई राज्यों में विशेष रूप से उत्तर प्रदेश में प्रदर्शनकारियों को पुलिस के दमन का भी सामना करना पड़ा। दिल्ली में जंतर-मंतर पर पुलिस से झड़प हुई तो कई छात्र कार्यकर्ता गिरफ्तार हुए।

kisan andolan

इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा 14 जून को लाई गई ‘अग्निपथ’ योजना सेना में स्थाई नौकरी की भर्ती प्रक्रिया को खत्म कर देगी। इस योजना के तहत हर वर्ष 17.5 से 21 वर्ष के 45-50 हजार युवाओं को केवल चार साल के लिए भर्ती किया जाएगा।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकार अग्निपथ योजना के तमाम ‘फायदे’ गिना कर भरमाने की कोशिशों के बावजूद योजना वापस लेने की मांग पर अड़े युवाओं का आंदोलन देश भर में फैलता जा रहा है। लेकिन हठधर्मी मोदी सरकार झुकने से इनकार कर भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर चुकी है। विरोध कर रहे जवानों का दमन व गिरफ्तारियां जारी हैं।

कहा कि निरंकुश मोदी सरकार को झुकाने के लिए इस आंदोलन को और व्यापक बनाकर एक जन आंदोलन बनाना होगा। युवाओं को मजदूरों-किसानों-अल्पसंख्यकों-दलितों-शोषितों के आन्दोलनों से जोड़ना होगा। साझा संघर्षों के दम पर ही सेना सहित सभी क्षेत्रों में सबके लिए सम्मानजनक स्थाई रोजगार पाने तथा नवउदारवादी कॉर्पोरेट-पक्षीय नीतियों के खात्मे की ओर बढ़ सकते हैं।

अग्निपथ के विरोध में किसान संयुक्त मोर्चा ने किया डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन
देहरादून में प्रदर्शन

प्रदर्शन की झलक-

दिल्ली

दिल्ली के ‘अग्निपथ योजना विरोधी मोर्चा’ की ओर से एक विरोध प्रदर्शन का आयोजन और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपने का कार्यक्रम तय था। हालांकि प्रदर्शनकारियों के जंतर मंतर पर इकट्ठा होते ही पुलिस प्रदर्शन बंद करने का दबाव बनाने लगी और गिरफ्तारी की धमकियां देने लगी। इसके बावजूद प्रदर्शन व ज्ञापन का कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।

मोर्चे में एफ्टू (न्यू), एआईआरएसओ, डीपीएफ, इफ्टू (सर्वहारा), इमके, आईएमएस, कलेक्टिव, लोकपाक्ष, बीएससीईएम, एमएएस आदि संगठन शामिल रहे।

दूसरी ओर दिल्ली में ही प्रदर्शन कर रहे युवा साथियों को भी पुलिस ने जबरन हिरासत में ले लिया और मंदिर मार्ग थाने ले गई। करीब 20 युवा प्रदर्शनकारी हिरासत में हैं जिसमें पछास, बीएससीईएम और केवाईएस के प्रतिनिधि हैं। इनमें महिला प्रदर्शनकारी भी शामिल हैं जिन्हें रात 8 बजे के बाद भी पुलिस थाने में रखा गया। 4 प्रदर्शनकारियों पर धारा 188 की एफआईआर भी दर्ज होने की खबर है।

घटना के विरोध में मोर्चे की ओर से माँग हुई कि दिल्ली पुलिस अपनी दमनकारी हरकत व गुंडागर्दी बंद करे! सभी गिरफ्तार साथियों को अविलंब व बिना शर्त रिहा किया जाये!

उत्तर प्रदेश

उत्तरप्रदेश के सभी जिलों में सेना में ठेके पर भर्ती के ख़िलाफ़ बड़ी संख्या में किसान सड़क पर उतरे और केंद्र सरकार की दोषपूर्ण नीतियों के ख़िलाफ़ जमकर नारेबाज़ी की। किसानों के आंदोलन से पहले ही पूर्वी उत्तरप्रदेश के सैकड़ों जनवादी नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हाउस अरेस्ट कर लिया था। बनारस के सिंधोरा थाने में कई किसानों को पुलिस ने जबरन थाने में बैठा दिया था।

गाजीपुर के कामरेड सरजू पान्डेय पार्क में प्रदर्शन

समूचे पूर्वी उत्तरप्रदेश में खाकी वर्दी की की ज़बरदस्त नाकेबंदी के बावजूद संयुक्त किसान मोर्चा से जुड़े नेताओं ने डबल इंजन की सरकार के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन किया और जुलूस भी निकाला।

पुलिस की कड़ी नाकाबंदी के बावजूद वाराणसी के शास्त्री घाट पर पहुंचे किसान सभा, भारतीय किसान यूनियन, किसान मज़दूर परिषद, मज़दूर किसान महासभा और जय किसान आंदोलन से जुड़े किसानों ने अग्निपथ योजना के ख़िलाफ़ युवाओं के राष्ट्रव्यापी विरोध को समर्थन देते हुए जमकर नारेबाज़ी की। साथ ही इस योजना को जवान-विरोधी, किसान-विरोधी और राष्ट्र-विरोधी बताया और इसे तत्काल रद्द करने की मांग की। साथ ही मोदी सरकार के ख़िलाफ़ जुलूस भी निकालकर प्रदर्शन किया गया। 

अग्निपथ योजना के खिलाफ संयुकत किसान मोर्चा का प्रदर्शन

चंदौली जिले में भी किसानों ने कड़ा विरोध करते हुए धरना दिया और हाथों में तख़्ती लेकर प्रदर्शन किया। ज़िले के चकिया कस्बे में अखिल भारतीय किसान सभा, अखिल भारतीय किसान महासभा, उत्तर प्रदेश किसान सभा, मज़दूर किसान मंच व खेत मज़दूर यूनियन ने पुलिस की जबरदस्त किलेबंदी के बावजूद गांधी पार्क में धरना दिया और सेना में ठेके पर भर्ती की योजना को रद करने की मांग की।

बलिया में विरोध में आंदोलन के लिए निकले किसान नेता जनार्दन सिह, लक्ष्मण पांडेय, संतोष सिंह, परमात्मानंद राय, राघवेन्द्र कुमार, रामजियावन यादव, शैलेश सिह आदि को पकड़कर हाउस अरेस्ट कर लिया गया। घरों पर पुलिस का पहरा बैठा दिया गया। गुरुवार को प्रशासन से वार्ता में तय हुआ था कि किसान सिर्फ ज्ञापन सौंपेंगे, लेकिन रात में ही किसान नेताओं की धर-पकड़ शुरू हो गई। पुलिस की नाकाबंदी के बावजूद किसान नेताओं ने ज्ञापन सौंपा।

आजमगढ़ में किसान संग्राम समिति, किसान महासभा, किसान सभा, खेत मजदूर-किसान संग्राम समिति, जनवादी लोक मंच, जनमुक्ति मोर्चा, जय किसान आंदोलन, रिहाई मंच, यंग इंडिया स्टडी सर्किल, एआईपीएसएफ, भारतीय किसान यूनियन, संयुक्त किसान-मजदूर संघ के संयुक्त तत्वाधान में अग्निपथ योजना के ख़िलाफ़ विरोध दिवस मनाया गया। प्रतिनिधियों ने अमर शहीद कुंवर सिंह उद्यान में धरना दिया और जबरदस्त नारों के साथ जिलाधिकारी कार्यालय तक जुलूस निकाला।

जौनपुर, मऊ, देवरिया के अलावा अयोध्या के बीकापुर में किसानों ने प्रदर्शन किया।

सीतापुर और अलीगढ़ में भी किसानों को हाउस अरेस्ट किया गया था। हालांकि सभी जिलों में संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले आयोजित धरना, प्रदर्शन और जुलूस शांतिपूर्ण रहा।

मुजफ्फरनगर में अग्निपथ के विरोध में आज संयुक्त किसान मोर्चा का प्रदर्शन, नरेश टिकैत भी पहुंचे
मुजफ्फरनगर में प्रदर्शन

बुलंदशहर। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) टिकैत, भाकियू अंबावता, भाकियू संपूर्ण भारत के पदाधिकारी और कार्यकर्ता दोनों हाथों में तिरंगा और संयुक्त किसान मोर्चा के झंडे व बैनर लेकर सैकड़ों की संख्या में कलक्ट्रेट गेट तक पैदल मार्च किया।

किसान यूनियन ने Agneepath योजना के खिलाफ खोला मोर्चा

बरेली में चौकी चौराहा के पास स्थित दामोदर पार्क में भारतीय किसान यूनियन और युवाओं ने अग्निपथ योजना के विरोध में धरना प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा।

कलेक्ट्रेट परिसर में एसडीएम प्रदीप यादव को ज्ञापन सौंपते भाकियू कार्यकर्ता। संवाद
सिद्धार्थनगर में ज्ञापन देते किसान नेता

इलाहाबाद (प्रयागराज)। पत्थर गिरजा, सिविल लाइंस, धरना स्थल पर शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक तरीके से संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर राष्ट्रव्यापी विरोध दिवस मनाया गया।

पंजाब

पंजाब में किसान संगठनों की ओर से अलग-अलग जगहों पर प्रदर्शन किया गया।

लुधियाना में डीसी कार्यलय के बाहर बीकेयू उगराहां (भारतीय किसान यूनियन) के सदस्यों द्वारा धरना दिया गया।

डीसी दफ्तर के बाहर धरना दे रहे किसान। - Dainik Bhaskar

भटिंडा में भारतीय किसान यूनियन उगराहां व किरती किसान यूनियन की ओर से डीसी दफ्तर के आगे धरने लगाए गए। जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स से हनुमान चौक तक रोष मार्च निकाला गया। किसान मोर्चे में शामिल सभी किसान संगठनों ने एडीसी के जरिये राष्ट्रपति के नाम एक मांग पत्र भेजा।

भारतीय किसान यूनियन सिद्धूपुर की ओर से चिल्ड्रन पार्क में प्रदर्शन किया गया। दोपहर के बाद किसान संगठनों की ओर से शहर में रोष मार्च भी निकाए गए। इस दौरान पुलिस ने सर्किट हाउस रोड को सभी तरफ से बंद कर दिया। इससे शहर में ट्रैफिक भी काफी प्रभावित हुआ।

पठानकोट में 23 किसान संगठनों ने रोष मार्च निकाला। इस दौरान किसान संगठनों ने पहले मलिकपुर में धरना दिया। रोष मार्च निकाल डीसी दफ्तर पहुंचे और वहां राष्ट्रपति के नाम मांग पत्र सौंपा।

अबोहर में भारतीय किसान यूनियन एकता उग्राहा ने एसडीएम आफिस के बाहर धरना लगाया गया और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।

जालंधर के डीसी आफिस के बाहर किसान संगठनों ने विरोध में जमकर प्रदर्शन किया। किसानों ने प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री का पुतला भी फूंका। डीसी को राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। 

मुक्तसर साहिब में विरोध में भारतीय किसान यूनियन (एकता सिद्धूपुर) ने मिनी सचिवालय के समक्ष रोष प्रदर्शन किया। सचिवालय के गेट पर केंद्र सरकार का पुतला फूंका और जमकर नारेबाजी की। अग्निपथ योजना के वापस न होने तक किसान आंदोलन की तर्ज पर लगातार संघर्ष जारी रखने की घोषणा की। 

अग्निपथ योजना के विरोध में किसानों ने फूंका केंद्र सरकार का पुतला

अमृतसर में विरोध में किसान संघर्ष कमेटी पंजाब की ओर से गोल्डन गेट के पास प्रदर्शन किया गया। किसानों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सरकार का पुतला भी फूंका।

अमृतसर में अग्निपथ योजना का विरोध।

राजस्थान

जयपुर के तमाम जन संगठन खासा कोठी चौराहे पर इकट्ठा हुए, ज़िला कलेक्ट्रेट तक विरोध रैली निकाली और कलेक्टर को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। जयपुर से क्रांतिकारी नौजवान सभा (केएनएस) राजस्थान के बैनर के साथ इस प्रदर्शन में नौजवान शामिल हुए और अग्निपथ योजना के खिलाफ नौजवानों की मांगें बुलंद की।

जयपुर में हुए संयुक्त प्रदर्शन में अन्य जन संगठनों के साथ क्रांतिकारी मज़दूर संगठन (केएमएस), ऑल इंडिया रेवलूशनेरी स्टूडेंट ऑर्गनाइजेशन राजस्थान और क्रांतिकारी नौजवान सभा के साथी भी इस प्रदर्शन में शामिल हुए।

जालौर। सांचौर के चितलवाना उपखंड मुख्यालय पर शुक्रवार को संयुक्त किसान मोर्चा जालौर द्वारा अग्निपथ योजना को लेकर विरोध प्रदर्शन करेगा।

उत्तराखंड

रुद्रपुर। भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में मजदूर संगठनों एवं सामाजिक संगठनों द्वारा अग्निपथ योजना के विरोध में प्रदर्शन कर जिला अधिकारी उधम सिंह नगर को ज्ञापन सौंपा। इसमें इन्टरार्क मजदूर संगठन ऊधम सिंह नगर, इन्टरार्क मजदूर संगठन किच्छा के मजदूरों व इंकलाबी मजदूर केंद्र, क्रांतिकारी लोक अधिकार संगठन, जन एकता मंच के साथी उपस्थित रहे।

पंतनगर। इंकलाबी मजदूर केन्द्र एवं ठेका मजदूर कल्याण समिति पंतनगर तथा प्रगतिशील महिला एकता केन्द्र द्वारा शहीद स्मारक पंतनगर पर सभा के साथ केन्द्र सरकार का पुतला दहन हुआ।

हल्द्वानी के बुद्ध पार्क में विभिन्न संगठनों ने सभा कर केंद्र सरकार का पुतला फूंका दहन किया। कार्यक्रम में क्रांतिकारी लोक अधिकार संगठन, परिवर्तनकामी छात्र संगठन, प्रगतिशील महिला एकता केंद्र आदि ने भागीदारी की।

आइसा ने आज शहीद स्मारक पर धरना देते हुए सेना में ‘अग्निपथ‘ योजना को वापस लेने की मांग राष्ट्रपति महोदय से ज्ञापन के माध्यम से की।

हरियाणा

रोहतक। अग्निपथ योजना को रद्द करवाने की मांग के लिए शुक्रवार को संयुक्त किसान मोर्चा व अन्य छात्र संगठनों ने संयुक्त तौर पर प्रदर्शन करते हुए एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शन से पहले मानसरोवर पार्क में सभा हुई।

सुभाष चौक के पास अग्निपथ के विरोध में प्रदर्शन करते संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्य । संवाद

इस मौके पर किसान सभा, प्रोग्रेसिव एक्स सर्विस मैन फेडरेशन ऑफ इंडिया, भारतीय किसान यूनियन टिकैत, बिकेयू चढूनी, किसानी प्रतिष्ठा मंच, सीटू, टोल हटाओ संघर्ष समिति, जेएसओ, एसएफआई, महिला समिति आदि संगठन शामिल रहे।

रोहतक जिले के सांपला में स्थित चौधरी छोटूराम स्मारक पर अग्निपथ के विरोध में तीन दिन से धरना जारी है। आसपास के लोगों का भी समर्थन धरने को मिल रहा है। अब 26 जून को यहां पर पंचायत बुलाई गई है। पंजाब के किसान संगठन और भाकियू हरियाणा के गुरनाम सिंह चढूनी भी इसमें भाग लेंगे। पंचायत में अग्निपथ को लेकर आगामी रणनीति बनाई जाएगी।

सांपला में आयोजित धरने पर बैठे लोग - Dainik Bhaskar

खाप नेताओं और किसान आंदोलन के प्रतिनिधियों ने कहा है कि वे योजना का हिस्सा बनने वाले युवाओं का बहिष्कार करेंगे। बुधवार को विभिन्न खापों के प्रतिनिधियों की बैठक में हरियाणा के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, पंजाब के खाप संगठन और छात्र संगठनों ने भी हिस्सा लिया था।

बैठक की अध्यक्षता कर रहे धनखड़ खाप के प्रमुख ओम प्रकाश धनखड़ ने कहा, ‘हम इस भर्ती के लिए आवेदन करने वालों को सामाजिक रूप से अलग-थलग करने का प्रयास करेंगे। हम इस योजना का बहिष्कार कर रहे हैं जो ‘अग्निवीर के नाम पर युवाओं को मजदूरों के तौर पर काम पर रखना चाहती है।’ उन्होंने कहा, ‘हम उनके लिए ‘बहिष्कार’ शब्द का उपयोग नहीं कर रहे हैं, लेकिन समुदाय ऐसे लोगों से दूरी बनाएगा।’

samyukta kisan morcha protests against agnipath scheme
जींद में प्रदर्शन

नरवाना : लघु सचिवालय परिसर में चल रहा संयुक्त किसान मोर्चा का धरना अखिल भारतीय किसान सभा के नेतृत्व में जारी रहा। इससे पहले नेहरु पार्क में संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर एक सभा का आयोजन किया गया, जिसमें अखिल भारतीय किसान सभा, भारतीय किसान यूनियन, डीवाइएफआइ, केवाइएस, सीटू, नौजवान सभा, आंबेडकर सभा, किसान खेत मजदूर सभा, सीपीआइ आदि शामिल हुए। 

पलवल। सेना में अग्निपथ भर्ती योजना को वापस लेने और पहले की तरह पुरानी पद्धति

पलवल। सेना में अग्निपथ भर्ती योजना को वापस लेने और पहले की तरह पुरानी पद्धति को बहाल कराने की मांग को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर जिले के किसानों ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। 

यमुनानगर लघु सचिवालय के सामने भारतीय किसान यूनियन ने हाथों में बैनर लेकर इस योजना का विरोध किया। उन्होंने सरकार को जमकर घेरा और सरकार को कड़ी चेतावनी भी दी के जल्द से जल्द अग्निपथ और अग्निवीर को वापस लिया जाए। अग्निपथ को लेकर डीसी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।

अग्निपथ योजना को लेकर किसानों का प्रदेश में प्रदर्शन, सुनवाई न होने पर बड़े आंदोलन की दी धमकी

अग्निपथ योजना को लेकर भिवानी में किसानों व युवाओं ने किया सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान लघु सचिवालय में प्रदर्शन करते हुए युवाओं ने राष्ट्रपति के नाम जिला उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर केंद्र सरकार नहीं मानती है तो बड़ा आंदोलन होगा।

शुक्रवार को पूरे हरियाणा में संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर हर जिला स्तर पर इसका विरोध किया गया.

अंबाला में भी किसान यूनियनों द्वारा प्रदर्शन करते हुए डीसी अंबाला को राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। फतेहाबाद में क्षेत्र के किसान और युवा लघु सचिवालय पहुंचे और प्रदर्शन किया।

डीसी ऑफिस के बाहर प्रदर्शन करते किसान।

कैथल के लघु सचिवालय में संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले किसान संगठन सरकार की अग्निपथ योजना के विरोध में युवाओं के समर्थन में प्रदर्शन किया।

करनाल में भारतीय किसान यूनियन ने अग्निपथ के विरोध में प्रदर्शन किया। किसान जाट धर्मशाला में इकट्ठे हुए. वहां से सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जिला सचिवालय में पहुंचे। किसानों ने अग्निपथ योजना बंद करने के लिए राष्ट्रपति के नाम अधिकारियों के माध्यम से ज्ञापन भेजा। साथ ही चेतावनी दी कि यदि इस योजना को बंद नहीं किया तो वह किसान आंदोलन की तर्ज पर देश भर में आंदोलन शुरू कर देंगे।

संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्य एवं भारतीय किसान यूनियन से जुड़े अन्य कई सदस्य सोनीपत की छोटूराम धर्मशाला में इकट्ठे हुए। इस दौरान उन्होंने अग्निपथ योजना का विरोध करते हुए उपायुक्त कार्यालय तक प्रदर्शन कर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।

अग्निपथ योजना के विरोध में हरियाणा में संयुक्त किसान मोर्चा का प्रदर्शन

हिसार में अग्निपथ योजना के खिलाफ युवाओं के समर्थन में लघु सचिवालय के सामने प्रदर्शन किया। इस दौरान मोर्चा ने मांग पत्र प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।

बिहार

समस्तीपुर। अखिल भारतीय संयुक्त किसान मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को राष्ट्रव्यापी आंदोलन के तहत कलेक्ट्रेट के समक्ष प्रदर्शन किया। इस दौरान केन्द्र सरकार से सेना में बहाली के लिए लागू की गयी अग्निपथ योजना को वापस लेने की मांग की गयी।

अग्निपथ के विरोध में कलेक्ट्रेट के समक्ष प्रदर्शन

बक्सर। अग्निपथ योजना के खिलाफ संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्र व्यापी आह्वान पर शुक्रवार को डुमरांव शहर मे मार्च निकाला गया। मार्च अखिल भारतीय किसान महासभा, आर वाई ए और आइसा द्वारा संयुक्त रूप से निकाला गया।

पटना में अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति, पटना के तत्वावधान में करीब साढ़े बारह बजे दिन में एक विरोध प्रदर्शन पटना जंक्शन गोलम्बर से शुरू हुआ जो डाकबंगला चौराहा होते हुए हिन्दी भवन अवस्थित समाहरणालय पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति के नाम सम्बोधित ज्ञापन को जिलाधिकारी कार्यालय में मौजूद एडीएम को सौंपा।

कार्यक्रम में आ.भा.किसान महासभा, बिहार राज्य किसान सभा, अ.भा.खेत मजदूर किसान सभा, जय किसान आन्दोलन, प्रगतिशील किसान संघ, सीआईटीयू, एपवा, एनएपीएम, एआईसीसीटीयू, प्रगतिशील किसान संघ, आइसा, जनमुक्ति संघर्ष वाहिनी, जल्ला किसान संघर्ष समिति, इफ्टू सर्वहारा, एआईपीएफ, पीडीवाईएफ, जय किसान आन्दोलन, नागरिक अधिकार रक्षा मंच, यूथ फॉर स्वराज, एआईडीएसओ आदि शामिल थे।

संयुक्त किसान मोर्चा की की प्रमुख मांगें

  1. अग्निपथ योजना को तत्काल पूरी तरह रद्द कर योजना के तहत भर्ती का नोटिफिकेशन वापस लिया जाय
  2. सेना में पिछला बकाया 1,25,000 वेकेंसी और इस वर्ष रिक्त होने वाले लगभग 60,000 पदों पर पहले की तरह नियमित भर्ती तत्काल शुरू हो
  3. किसी भर्ती के लिए आवेदकों से ऐसा हलफनामा लेने की शर्त न रखी जाए जो उन्हें लोकतांत्रिक प्रदर्शन के अधिकार से वंचित करती हो
  4. अग्निपथ विरोधी प्रदर्शनों में शामिल युवाओं के खिलाफ दर्ज सभी झूठे मुकदमे वापस लिए जाएं
  5. गिरफ्तार देश भर के सभी युवाओं को रिहा किया जाय!

भूली-बिसरी ख़बरे

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