इन्टरार्क मज़दूरों की कार्यबहाली व वेतन भुगतान के लिए श्रम भवन पर फिर बच्चों की ललकार

अवैध तालाबन्दी खुलवाने, वेतन दिलाने और सभी मजदूरों की कार्यबहाली की मांग को लेकर पुनः हुई बाल पंचायत, एएलसी को ज्ञापन दिया, समाधान न होने पर 22 को पुनः होगी बाल पंचायत।

रुद्रपुर (उत्तराखंड)। पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत इन्टरार्क कंपनी सिडकुल पन्तनगर व किच्छा  में कार्यरत मजदूरों के बच्चे सैंकड़ों की संख्या में महिलाओं, मजदूरों, किसानों और सामाजिक कार्यकर्ताओं संग श्रम भवन रुद्रपुर में पहुंचे और जोशोखरोश के साथ आज 15 जून को पुनः बाल पंचायत किया।

बाल पंचायत में बच्चों ने कहा कि उत्तराखंड शासन द्वारा 30 मई को इंन्टरार्क कंपनी की तालाबन्दी को गैरकानूनी घोषित कर दिया है। 1 जून 2022 को उक्त के क्रम में कुमाऊँ कमिश्नर महोदय ने बच्चों को वचन दिया था कि दो दिन में सभी मजदूरों को 3 माह का पूरा वेतन भुगतान कराया जायेगा और कंपनी की तालाबन्दी खत्म कर सभी मजदूरों को काम पर बहाल करा दिया जायेगा।

किन्तु अभी तक भी एएलसी व जिला प्रशासन द्वारा पीड़ित मजदूरों को वेतन दिलाने और कंपनी की तालाबन्दी खत्म कराने को कोई भी सार्थक कदम न उठाना चिंताजनक है।

कंपनी के किच्छा प्लांट में 36 मजदूरों को झूठा आरोप लगाकर विगत 3 माह के भीतर ही गैरकानूनी रूप से कंपनी के स्टेंडिंग ऑर्डर का उल्लंघन कर निलंबित कर दिया गया है। जबकि उक्त कथित घटना के समय मजदूर कंपनी परिसर में और ड्यूटी पर उपस्थित ही नहीं थे। बल्कि अवकाश पर थे।

कंपनी के किच्छा प्लांट में स्टेंडिंग ऑर्डर का उल्लंघन कर करीब 700 कैजुअल मजदूरों को खतरनाक मशीनों व मुख्य उत्पादन गतिविधियों में नियोजित किया गया है जिससे आये दिन मजदूर विकलांग हो रहे हैं। जबकि कंपनी भारी इंजीनियरिंग उद्योग है।

15 दिसंबर 2018 को हुए लिखित समझौते के बावजूद भी 28 बर्खास्त व 4 निलंबित मजदूरों की अब तक भी कार्यबहाली न की गई है। एलटीए व बोनस भी काट दिया गया है। 4 साल से मजदूरों का वेतन भी नहीं बढ़ाया गया है। लेकिन बड़े ही दुख शर्म की बात है इसके बाद भी श्रम विभाग और जिला प्रशासन मौन है। इससे हम बच्चे आज दाने दाने को मुहताज हैं, हमारा स्कूल छूटने की नौबत आ गई है।

बच्चों ने एएलसी को ज्ञापन देकर चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर श्रम विभाग व जिला प्रशासन द्वारा मजदूरों की उक्त समस्याओं का समाधान करने और इन्टरार्क कंपनी किच्छा में चल रही उक्त गैरकानूनी कृत्यों पर रोक लगाने को निर्णायक कदम न उठाये गये तो 22 जून 2022 को पुनः श्रम भवन रुद्रपुर में बाल पंचायत की जायेगी और निर्णायक कदम उठाये जाएंगे। जिसकी समस्त जिम्मेदारी इन्टरार्क कंपनी प्रबन्धन, सहायक श्रमायुक्त और जिला प्रशासन की होगी।

बाल पंचायत के कार्यक्रम का संचालन डॉली ने किया। कार्यक्रम में इन्टरार्क मजदूर संगठन के अध्यक्ष श्री दलजीत सिंह, कोषाध्यक्ष वीरेन्द्र कुमार, इन्कलाबी मजदूर केंद्र के कैलाश भट्ट, इन्टरार्क मजदूर संगठन किच्छा के हिरदेश कुमार, लक्ष्मण सिंह, क्रालोस के साथी शिवदेव सिंह, ठेका मजदूर कल्याण समिति से अभिलाख सिंह, इंकलाबी मजदूर केंद्र से दिनेश भट्ट, ब्रिटानिया श्रमिक संघ से आनंद तिवारी, मजदूर सहयोग केंद्र से दीपक सनवाल, करोलिया लाइटिंग एंप्लाइज यूनियन से अशोक सिंह, थाई सुमित नील ऑटो कामगार यूनियन से संदीप आदि के सम्बोधन के साथ ध्रुप, अभिनंदन, आर एन, अनमोल, पलक, अंजली, पूजा, निशांत, जोशना, कुमकुम, उत्कर्ष, अंशिका, अंशु आदि सैकड़ों महिलायें, बच्चे व मज़दूर मौजूद रहे।

भूली-बिसरी ख़बरे

%d bloggers like this: