छात्रों का बर्बर दमन करने वाली दिल्ली पुलिस का पुतला दहन

जन संघर्ष मंच हरियाणा के नेतृत्व में कैथल व जींद में रोष प्रदर्शन

कैथल (हरियाणा) 16 दिसंबर। आज जन संघर्ष मंच हरियाणा के नेतृत्व में सांप्रदायिक भेदभाव करने वाले और देश के धर्मनिरपेक्ष ढांचे पर हमला करने वाले नागरिकता संशोधन कानून 2019 का कड़ा विरोध किया गया और इस कानून के विरोध में उठे जन आंदोलन को पुलिस व सुरक्षा बलों द्वारा लाठी, गोली, आंसू गैस आदि के बल पर कुचल रही मोदी सरकार की कड़ी भर्त्सना की गई। विरोध स्वरूप स्थानीय जवाहर पार्क से शुरू होकर बाजार से होते हुए मिनी सचिवालय तक रोष प्रदर्शन किया गया और मोदी सरकार तथा दिल्ली में जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के छात्रों पर बर्बर लाठीचार्ज व आंसू गैस के गोले दागकर दमन करने वाली दिल्ली पुलिस का पुतला दहन किया गया।

वक्ताओं ने दिल्ली में जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी, अलीगढ़ यूनिवर्सिटी, दिल्ली यूनिवर्सिटी तथा देश के विभिन्न हिस्सों में नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ चल रहे आंदोलन को तेज करने का आह्वान किया तथा यूनिवर्सिटी परिसर में घुसकर छात्रों पर बर्बर लाठीचार्ज, आंसू गैस के गोले छोड़ने की कड़ी निंदा की। साथ ही सरकार से नागरिकता संशोधन कानून को तुरंत रद्द करने, जनता पर अत्याचार करना बंद करने व छात्रों पर लाठीचार्ज करने वाली दिल्ली पुलिस के खिलाफ कार्यवाही करने की माँग की।

प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए मंच के प्रदेश अध्यक्ष कामरेड फूल सिंह ने कहा कि मोदी सरकार ने धर्म के आधार पर जनता की एकता को तोड़ने के लिए नागरिकता संशोधन कानून पास किया है। एनआरसी के नाम पर मोदी सरकार मेहनतकश जनता में सांप्रदायिकता का जहर घोलने का षड्यंत्र कर रही है और मोदी सरकार धर्म आधार पर नफरत पैदा करने वाले नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ उठने वाली हर आवाज को पुलिस फौज के बल पर बंद करना चाहती है। उन्होंने कहा कि देश को आजाद करवाने के संघर्ष में जहां हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई सब मिलकर संघर्ष कर रहे थे तब भी आरएसएस और उसके सहयोगी धर्म के नाम पर देश की जनता में नफरत घोलने में लगे हुए थे। आज भी दोबारा यह लोग 1947 जैसे हालात पैदा करना चाहते हैं। लेकिन अब उनका यह षड्यंत्र नहीं चलेगा।

मनरेगा मजदूर यूनियन के जिला प्रधान जोगिंदर सिंह ने कहा कि आज देश में बेरोजगारी चरम पर है महंगाई आसमान छू रही है, सरकार ने पूंजीपतियों के हित में श्रम कानूनों को बदलकर मजदूरों पर हमला बोल दिया है। मनमर्जी से पूंजीपति मजदूरों की छंटनी कर रहे हैं जिसके खिलाफ होंडा ,माइक्रोमैक्स, बी एस एन एल आदि के मजदूर लड़ रहे हैं। महिलाओं के ऊपर जघन्य अपराध बलात्कार- हत्याऐं बढ़ रही हैं जिनके खिलाफ देश में गुस्सा बढ़ रहा है इसीलिए मोदी सरकार मौजूदा पूंजीवादी व्यवस्था और अपनी सरकार को जनता के गुस्से से बचाने के लिए देश को धर्म के नाम पर लड़वाने के लिए लगी हुई है।

मंच के जिला प्रधान कामरेड संसार चंद्र ने कहा कि मोदी सरकार हिटलर के रास्ते पर चली हुई है। उन्होंने कहा कि जन संघर्ष मंच हरियाणा तमाम मजदूर संगठनों, जनवादी व धर्मनिरपेक्ष ताकतों के साथ मिलकर मोदी सरकार द्वारा बनाए गए इस काले कानून के खिलाफ संघर्ष तेज करेगा।

छात्र नेता एस.ओ.एस.डी. की संयोजिका कविता विद्रोही ने कहा कि देश आर्थिक संकट में फंसा हुआ है सरकार पूंजीपतियों को मंदी की मार से बचाने के लिए आर्थिक पैकेज देकर जनता के कंधों पर भार बढ़ा रही है। शिक्षा को महंगा किया जा रहा है। इसीलिए मोदी -अमित शाह अपनी सरकार को बचाने के लिए विभाजनकारी हिंदुत्व फासीवादी एजेंडे को आगे बढ़ाने में लगी हुई है। छात्र समुदाय मोदी सरकार की तानाशाही का मुंहतोड़ जवाब देगा।

प्रदर्शनकारियों को जन संघर्ष मंच हरियाणा की जिला सचिव कॉमरेड चंद्र रेखा, मंच के सचिव कॉमरेड सोमनाथ, निर्माणकार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन के कॉमरेड सुनहरा सिंह ,मनरेगा मजदूर यूनियन के जिला सचिव कामरेड फकीरचंद ने मोदी सरकार और दिल्ली पुलिस की तानाशाही का कड़ा विरोध किया।

जींद में दिल्ली पुलिस और मोदी सरकार की तानाशाही का पुतला दहन

जींद (हरियाणा)। जन संघर्ष मंच हरियाणा की जिला जींद के कार्यकर्ताओं ने भेदभाव पूर्ण व धर्म के आधार पर जनता में जहर घोलने वाले नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ देश में चल रहे आंदोलन के समर्थन में जींद शहर में प्रदर्शन किया। दिल्ली में इस काले कानून का विरोध कर रहे छात्रों पर बर्बर लाठीचार्ज व आंसू गैस के गोले छोड़ने, यूनिवर्सिटी प्रशासन की अनुमति के बिना घुसकर छात्रों के साथ मारपीट करने वाली दिल्ली पुलिस और मोदी सरकार की तानाशाही का पुतला दहन किया।

%d bloggers like this: